संवाददाता: साबिर अली
भारत-नेपाल सीमा पर स्थित इनरवा एसएसबी एवं नेपाल सशस्त्र पुलिस बल के अधिकारियों की संयुक्त बैठक हुई। इसमें सीमा से सटे भारतीय क्षेत्र में हो रहे विवाद, तस्करी के दौरान शांति व्यवस्था कायम रखने पर खास तौर पर विचार विमर्श हुआ। एक देश से अपराध कर दूसरे देश में छिपकर रह रहे अपराधियों को खोज निकालने में आपसी सहयोग पर बैठक में सहमति बनी। नेपाली अधिकारियों ने भारतीय क्षेत्र में अपराध कर नेपाली क्षेत्र में छिपे अपराधियों को पकड़ने में भरपूर सहयोग का आश्वासन दिया। एसएसबी ने भी नेपाल एपीएफ के अधिकारियों को ऐसा ही आश्वासन दिया। सामान्य स्थिति में और खासकर दोनों देशों के बीच प्रतिबंधित वस्तुओं की आवाजाही रोकने पर सहमति बनी। शराब, डिजल-पेट्रौल तथा हथियार आदि का धंधा करने वाले माफिया तत्वों पर शिकंजा कसने पर सहमति बनी और ऐसे लोगों के साथ सख्ती बरतने का निर्णय लिया गया। अधिकारियों ने आपस में तय किया कि खुली सीमा रहने के कारण शराब, गांजा, अफीम तथा हेरोईन आदि की तस्करी की संभावना बनी रहती है जिसे सूचनाओं के आपसी आदान-प्रदान तथा ज्वाईंट पैट्रोलिग के जरिए रोका जा सकता है। बैठक में तय हुआ कि दोनों देशों के सशस्त्र बल द्वारा सीमा पर संयुक्त गश्त के जरिए आपराधिक तत्वों को कड़ा संदेश दिया जाए कि बार्डर का गलत मंसूबे से इस्तेमाल करनेवालों की अब खैर नहीं है। एसएसबी की 47वीं वाहिनी के बीओपी के परिसर में यह बैठक आयोजित की गई। बैठक के बाद बताया गया कि दोनों देशों के सशस्त्र बलों द्वारा सीमा की हरेक गतिविधि पर पैनी नजर रखी जा रही है। एसएसबी की ओर से इंस्पेक्टर सुमित कुमार सिंह, इनरवा थाना अध्यक्ष प्रकाश कुमार, नेपाल पुलिस, नेपाल ससस्त्र बल, एवं एसएसबी के जवान मौजूद रहें।
