संवाददाता: साबिर अल्ली
शिकारपुर थाना कांड संख्या 260/22 की गुंगी मृतका रोशनी कुमारी पूर्वाह्न लगभग 10 बजे घर के समीप मंदिर में पूजा की थाल लेकर पूजा करने निकली उसे और उसके परिजनों को क्या मालूम कि आज की पूजा उसके जीवन की अपने गांव के मंदिर में आखिरी पूजा है।
जब शाम तक घर वापस नहीं आई तो परिजन दिव्यांग रोशनी को खोजने का अथक प्रयास किए थक हार कर शिकारपुर थाने में गुमशुदगी का आवेदन दिए परिजनों को क्या मालूम की उनकी रोशनी उनके ही घर की तलाब में मृत पड़ी हुई है लगभग 1 सप्ताह बाद सडे गले स्थिति में दिव्यांग रोशनी की लाश तालाब में तैरती हुई नजर आई।
शव को देखकर ग्रामीणों द्वारा त्वरित संदेश शिकारपुर थानाध्यक्ष को दिया गया थानाध्यक्ष के संज्ञान में आते ही मौके पर पहुंच कर शव को बरामद कर अन्तयपरिक्षण हेतु जीएमसीएच भेजकर अनुसंधान का कार्य स्वयं कर रहे थे।
हत्यारा पुलिस के साथ आंख मिचौली कर रहा था “बकरे की बच्चा कब तक खैर मनाएगी” थानाध्यक्ष ने आज कांड के नामजद प्राथमिकी आरोपी महेंद्र राय और गीता देवी साकिन नरकटियागंज प्रखंड अंतर्गत कुंडलपुर पंचायत सतवारिया निवासी हैं इनके ऊपर भादवि 302,34, IPC धारा 92 दिव्यांग अधिनियम के तहत आरोपी हैं।
विश्वस्त सूत्रों ने अवगत कराया कि दोनों आरोपी के बीच अंतरंग संबंध था दिव्यांग रोशनी ने दोनों आरोपी के करतूत को अपने आंखों से देखकर परिजन को अवगत करा दी थी इसी कारण से रोशनी को जान गंवानी पड़ी आज मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी बेतिया के न्यायालय में उपस्थापना हेतु भेजा गया उक्त जानकारी शिकारपुर थानाध्यक्ष अजय कुमार द्वारा दी गई।
