संवाददाता: साबिर अली
इंडो नेपाल बॉर्डर सड़क परियोजना के तहत सीमावर्ती इनरवा बाजार में अतिक्रमण मुक्त कराने की कार्रवाई के दौरान ईदगाह के पूरी तरह से ध्वस्त करने का मामला अब तूल पकड़ने लगा है शुक्रवार को विधायक वीरेंद्र गुप्ता ने इनरवा बाजार स्थित ध्वस्त ईदगाह के पास पहुंचकर मामले की जांच पड़ताल की जांच पड़ताल के उपरांत विधायक श्री गुप्ता ने बताया कि इनरवा में सड़क निर्माण की नापी के दौरान 0.07 डिसमिल जमीन सड़क के लिए चाहिए था लेकिन अतिक्रमण ध्वस्त करने के दौरान 15 डिसमिल जमीन लिया गया और पूरी ईदगाह को साजिश के तौर ध्वस्त कर दिया गया जबकि ईदगाह के नाम पर नूर मोहम्मद मियां के नाम से दो कट्ठा दस्तावेज जमीन है जहां सड़क को 100 फीट चाहिए वहां 124 फुट दिखाकर पूरी तरह से ध्वस्त कर दिया गया जबकि अतिक्रमण मुक्त करने की कार्रवाई के पहले दिन ईदगाह में जमीन के चिन्हित किया गया था जिसमें पूरी तरह से तोड़ने की बात नहीं कही गई थी
