संवाददाता: साबिर अली
गर्मी का मौसम आते ही वाल्मीकि टाइगर रिजर्व में आग लगने की घटनाएं बढ़ जाती हैं। जंगली जीव जंतुओं के अलावा VTR में लगे पेड़ पौधों को भी नुकसान पहुंचता है। इसे देखते हुए जंगल की आग बुझाने के लिए वन विभाग ने बनाया अग्नि रोधक दस्ता बनाया है। यह दस्ता आग लगने की सूचना पर घटनास्थल पर पहुंचकर आग पर काबू पाने का काम करेगी।
वाल्मीकि नगर वनक्षेत्र पदाधिकारी महेश प्रसाद ने बताया कि जंगल को आग से बचाने के लिए बन कर्मियों की 3 टीम का गठन किया गया है। टीम पूरी तरह संसाधन से लैश होंगी। इन वन कर्मियों को वन क्षेत्र के प्रवेश के सभी मार्गों पर वन क्षेत्र में अनाधिकृत रूप से प्रवेश करने वाले लोगों पर पैनी नजर रखने की ताकीद की गई है आग लगने की घटना होने पर तत्काल क्षेत्र कार्यालय को सूचित करने हेतु ताकीद की गया गया है ।
व्लोअर मशीन से किया गया लैस
सभी रेंज में चार व्लोअर मशीन उपलब्ध है। जिसमे से दो गटोर युक्त है। इस मशीन से हवा के साथ-साथ पानी भी तेजी से निकलता है। पेड़ के उपर लगे आग में यह मशीन उपयोगी है। हालांकि आग की सूचना सैटेलाइट के माध्यम मिल जाती है। आग लगने के कुछ समय बाद ही उस पर काबू पाया जा सकता है।
गर्मी आने के पहले ही दो बार लग चुकी है आग
इस वर्ष 1 माह के अंदर गर्मी आने के पहले दो बार आग लग चुकी है। दोनों बार आग शरारती तत्वों के वजह से लगी है। आग लगने के साथ ही जंगल के छोटे जानवर खरगोश, सियार, हिरण आदि को काफी कठिनाइयों से गुजरना पड़ता है। आग लगने पर जंगल के छोटे पौधे और छोटी-छोटी झाड़ियां खत्म हो जाती हैं। जिससे उस अधिवास छेत्र में निवास करने वाले जानवरों को भोजन की समस्याओं से गुजरना पड़ता है।