संवाददाता: साबिर अली
बेतिया। दीन दयाल उपाध्याय ग्रामीण कौशल योजना अंतर्गत ग्रामीण युवाओं के कौशल संवर्द्धन एवं नियोजन हेतु राज्य सरकार एवं जिला प्रशासन लगातार प्रयास कर रहा है। निःशुल्क रोजगार परक कौशल प्रशिक्षण कार्यक्रम के तहत ज्यादा से ज्यादा बेरोजगार युवकों को प्रशिक्षित करते हुए उन्हें विभिन्न प्रकार के रोजगार उपलब्ध कराने का कार्य निरंतर जारी है।
इसी परिप्रेक्ष्य में आज दिनांक-25.03.2022 को दीन दयाल उपाध्याय ग्रामीण कौशल योजना का व्यापक प्रचार-प्रसार एवं इससे बेरोजगार युवक-युवतियों को लाभान्वित करने के उदेश्य से उप विकास आयुक्त, श्री अनिल कुमार द्वारा कौशल रथ को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया। कौशल रथ जिले के सभी प्रखंडों में जाकर युवक-युवतियों को उक्त योजना की जानकारी उपलब्ध करायेगा। एक प्रखंड में कौशल रथ दो दिनों तक भ्रमण करेगा।
इस अवसर पर उप विकास आयुक्त ने कहा कि दीन दयाल उपाध्याय ग्रामीण कौशल योजना बेहद ही महत्वपूर्ण है। इसका व्यापक प्रचार-प्रसार कराते हुए जिले के ज्यादा से ज्यादा युवक-युवतियों को प्रशिक्षित किया जायेगा ताकि उन्हें रोजगार उपलब्ध हो सके। उन्होंने कहा कि कौशल रथ का परिचालन निर्धारित रूट चार्ट के अनुरूप कराना सुनिश्चित किया जाय।
डीपीएम, जीविका, श्री अविनाश कुमार ने बताया कि मेरा कौशल-मेरी पहचान दीन दयाल उपाध्याय ग्रामीण कौशल योजना के तहत ग्रामीण युवाओं के कौशल संवर्द्धन एवं नियोजन हेतु कौशल प्रशिक्षण केन्द्रों की स्थापना की गयी है। उन्होंने बताया कि ग्रामीण निर्धन युवक-युवतियां जो बीपीएल या जीविका स्वयं सहायता समूह परिवारों से हों या जिन्हें मनरेगा के तहत कम से कम एक वर्ष में 35 दिनों का काम प्राप्त हो, को प्रशिक्षित कराया जायेगा। अनुसूचित जाति/जनजाति और महिलाओं को प्राथमिकता दी जायेगी।
उन्होंने बताया कि उक्त योजना के तहत जेनरल ड्यूटी असिस्टेंट, फ्रंट ऑफिस एक्सक्यूटिव, टीम लीडर, इलेक्ट्रिशियन, बीएफएसआई, रिटेल, सीआरएम (बीपीओ वायस) सहित सभी अभ्यर्थियों को बेसिक अंग्रेजी, कम्प्यूटर पर्सनालिटी स्किल डेवलपमेंट का भी प्रशिक्षण दिया जायेगा।
उन्होंने बताया कि प्रशिक्षणार्थियों के लिए विशेष सुविधा की व्यवस्था की गयी है। प्रशिक्षण निःशुल्क है, यूनिफॉर्म एवं पुस्तक की व्यवस्था है। प्रशिक्षणोपरांत न्यूनतम 70 प्रतिशत युवाओं को रोजगार का अवसर प्रदान किया जायेगा। आवासी एवं गैर अवासीय प्रशिक्षण केन्द्र की सुविधा है। प्रशिक्षित युवाओं को रोजगारोपरांत अधिकतम 03 माह तक एक हजार रूपया प्रतिमाह आर्थिक सहयोग दिया जायेगा। गैर आवासीय प्रशिक्षण की स्थिति में प्रतिदिन की उपस्थित के हिसाब से 125 रूपया भोजन एवं यात्रा भत्ता दिया जायेगा। साथ ही प्रशिक्षणोपरांत एनसीभीटी/एसएससी का प्रमाण पत्र भी दिया जायेगा।