नवादा जिले के हिसुआ थाना क्षेत्र के सोनसा गांव स्थित राजगीर-तिलैया रेलखंड के रेल फाटक संख्या 11-सी के समीप चल रहे अंडरग्राउंड रेल पुल में काम कर रहे तीन मजदूर करंट की चपेट में आ गए जिनमें से एक की मौत हो गई जबकि दो कि हालत गंभीर बनी हुई है। मृतक की पहचान सोनसा गांव निवासी फौदारी मांझी के 26 वर्षीय पुत्र मिथुन मांझी के रूप में हुई है।
स्थानीय रोहित मांझी, रंजन मांझी सहित अन्य लोगों ने बताया कि ब्रिज निर्माण का कार्य चल रहा था। निर्माण स्थल पर कुल 15 मजदूर काम कर रहे थे। तभी मिथुन मांझी, करण मांझी व छोटू मांझी ढलाई के लिए प्लेट वेल्डिंग मशीन की कटपीस तार की चपेट में आ गए।
सूचना पर ग्रामीण व स्वजन आनन-फानन में इलाज के लिए घायल को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र हिसुआ लाए, जहां चिकित्सक ने जांच कर मिथुन को मृत घोषित कर दिया।
मजदूर की मौत पर उग्र हुए ग्रामीण, रेल और सड़क को किया जाम
मजदूर की मौत की सूचना जैसे ही ग्रामीणों को हुई सभी उग्र हो गए। गुस्साए लोगों ने तिलैया-राजगीर रेलखंड की पटरी पर सैकड़ों की संख्या में महिला-पुरुष पहुंचकर रेल फाटक को बंद करते हुए पटरी पर बैठ गए।
घटना को लेकर आक्रोश जताया। वरीय अधिकारियों के आने सहित मुआवजे की मांग करने लगे। लोगों ने मृतक के स्वजन को पांच लाख रुपए सहित दोषी ठेकेदार के विरुद्ध कार्रवाई की मांग करने लगे।
पत्नी व बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल
हादसे के बाद मृतक की पत्नी रानी देवी का रो-रोकर बुरा हाल है। अस्पताल गेट पर अपने दो वर्षीय पुत्र व दुधमुंही पुत्री को गोद में लेकर वह दहाड़ मार रो रही थी। वहीं मां को रोता देख बच्चे भी बिलख रहे थे।
घटना के बाद रोते बिलखते स्वजन
मासूम को यह भी पता नहीं है कि अब उसके सिर से पिता का साया उठ गया है। वहीं, पुलिस ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र आकर शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा दिया है।

