इस अवसर पर उड़ान परियोजना के जिला समन्वयक हामिद रजा ने सेल्फ एस्टीम और बोर्डिंग इमेजिंग के संदर्भ में विस्तृत बातचीत करते हुए बताया कि सेल्फ एस्टीम यानी खुद पर विश्वास और आत्मसम्मान, हर व्यक्ति के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। यह हमें चुनौतियों का सामना करने, सफल होने और जीवन में संतुष्ट रहने हेतु मदद करता है। उन्होंने कहा कि बोर्डिंग इमेजिंग एक ऐसी तकनीक है, जिसमें हम अपने दिमाग को सकारात्मक विचारों और छवियों से भरकर अपनी सेल्फ एस्टीम को बढ़ा सकते हैं। यह एक तरह का दृश्य ध्यान है जिसमें हम अपनी सफलता, खुशी और आत्मविश्वास की कल्पना करते हैं। बोर्डिंग इमेजिंग क्यों महत्वपूर्ण है, इस संदर्भ में बताया कि सकारात्मक सोच को बढ़ावा देता है। यह तकनीक हमें नकारात्मक विचारों को कम करने और सकारात्मक सोच को बढ़ावा देने में मदद करती है। लक्ष्यों को प्राप्त करने में मदद करता है।
इस अवसर पर महिला एवं बाल विकास निगम समाज कल्याण विभाग के जिला परियोजना प्रबंधक वीरेंद्र राम व जिला मिशन समन्वयक निधि कश्यप ने उपस्थित बालिकाओं को नई चेतना 3.0 अंतर्गत लिंग आधारित हिंसा को खत्म करने हेतु जागरूक किया। उन्होंने महिलाओं के साथ होने वाले सभी प्रकार के हिंसा के बारे में विस्तार पूर्वक बताया गया। अधिकारी दुवे ने बाल विवाह उन्मूलन एवं दहेज प्रथा उन्मूलन के बारे में बताया ,साथ ही उपस्थित करीब 600 बालिकाओं को बाल विवाह उन्मूलन हेतु शपथ दिलाया गया।
इस अवसर पर उड़ान परियोजना के प्रखंड समन्वयक जितेंद्र कुमार सिंह ने बच्चों के अधिकार को विस्तार पूर्वक बताया।
इस अवसर पर प्रधानाध्यापक मृगेंद्र कुमार सिंह,शिक्षक चौधरी रमेश सिंह, ओमप्रकाश गुप्ता, सीमा कुमारी, जगन्नाथ प्रसाद शत्रुघ्न प्रसाद यादव, प्रेम कुमार, उपेंद्र कुमार, अजीत नारायण, अरुण कुमार श्रीवास्तव सहित बॉडी इमेजिंग पर रोल प्ले करने वाली छात्राएं सदफ नाज, जिया राज, दिव्या कुमारी एवं माया कुमारी सहित करीब 600 छात्राओं ने भाग लिया।


